कुण्डलपुर में भगवान श्री संभवनाथ मोक्ष कल्याणक
दमोह।सुप्रसिद्ध
सिद्धक्षेत्र कुण्डलपुर में संत शिरोमणि आचार्य श्री विद्यासागर जी महाराज
एवं विद्या शिरोमणि आचार्य श्री समयसागर जी महाराज के आशीर्वाद से तृतीय
तीर्थंकर भगवान श्री संभवनाथ जी का मोक्ष कल्याणक महोत्सव मंगलवार को
धूमधाम से मनाया गया । इस अवसर पर प्रातः भक्तामर
महामंडल विधान ,पूज्य बड़े बाबा का अभिषेक, शांतिधारा, ऋद्धि कलश,पूजन,
विधान हुआ । अत्यंत भक्ति भावपूर्वक निर्वाण लाडू चढ़ाया गया।
प्रचार
मंत्री जयकुमार जैन जलज ने बताया कि इस अवसर पर प्रथम अभिषेक,शांतिधारा,
रिद्धिकलश, निर्वाण लाडू चढ़ाने का सौभाग्य श्रेष्ठी सर्व श्री संजयकुमार
अशोक कुमार जैन अरिहंत ट्रेडर्स दमोह, कुंवरसेन निवेश हितार्थ जैन अरिहंत
ट्रेडर्स धारूखेड़ा हरियाणा, अजय स्वीटी अंशिका आर्जव जैन परिवार दिल्ली,
ओमप्रकाश देवेंद्र नरेंद्र जितेंद्र टोंक राजस्थान, अर्पण कमलेश हुकुमचंद
छाबड़ा देवास, संभव पार्थ प्रकाश जैन उदयपुर, श्रीमती जया राहुल जैन परिवार
रीवा, बृजेश निधि लीजा विधि जैन परिवार भोपाल, अजय सचिन हेमचंद जैन
सहारनपुर, मुकेश शौर्य जैन सागर, प्रेमचंद श्रवण प्रतीक जैन कटनी आदि के
साथ बड़ी संख्या में भक्त श्रद्धालुओं ने सौभाग्य प्राप्त किया। सायंकाल भक्तामर दीप अर्चना एवं पूज्य बड़े बाबा की संगीतमय महाआरती हुई।
कुण्डलपुर में श्री सिद्धचक्र महामंडल विधान प्रारंभ
दमोह। श्री 1008 सिद्धचक्र महामंडल विधान सिद्ध क्षेत्र कुण्डलपुर जिला दमोह मे परम पूज्य समाधि सम्राट आचार्य भवन विद्यासागर जी महाराज एवं नवाचार आचार्य भगवंत माता सागर जी महाराज के मंगल आशीर्वाद से बाल ब्र.अंकित भईया “सहज़“ के निर्देशन मे 23 मार्च 2026 को घटयात्रा ध्वजा रोहन के साथ शुभारम्भ हुआ।शाम को संगीत कार अंकित वर्धमान द्वारा प्रभु की मंगल आरती संपन्न हुई तदुपरांत धनेटा से आये बाल ब्रा.अंकित भईया जी के मंगल प्रवचन हुए जिसमे भईया जी के द्वारा सिद्धचक्र महामंडल विधान को महिमा को बताया गया आदरणीय भईया जी ने बताया की बहुत पुण्य प्रबल होता है तब जाकर सिद्ध क्षेत्र पर सिद्ध प्रभु की आरधना का शोभाग्य प्राप्त होता है. भक्ति भाव के साथ क्षत्राणी पर 27 मार्च तक यह विधान सम्पन होगा जिसके पुण्यर्जक श्री केपी जैन परिवार बसुंधरा नगर दमोह ने अपनी मा के शातायु पूर्ण होने के उपलक्षय मे विधान का आयोजन कराया जा रहा है।
दमोह। श्री 1008 सिद्धचक्र महामंडल विधान सिद्ध क्षेत्र कुण्डलपुर जिला दमोह मे परम पूज्य समाधि सम्राट आचार्य भवन विद्यासागर जी महाराज एवं नवाचार आचार्य भगवंत माता सागर जी महाराज के मंगल आशीर्वाद से बाल ब्र.अंकित भईया “सहज़“ के निर्देशन मे 23 मार्च 2026 को घटयात्रा ध्वजा रोहन के साथ शुभारम्भ हुआ।शाम को संगीत कार अंकित वर्धमान द्वारा प्रभु की मंगल आरती संपन्न हुई तदुपरांत धनेटा से आये बाल ब्रा.अंकित भईया जी के मंगल प्रवचन हुए जिसमे भईया जी के द्वारा सिद्धचक्र महामंडल विधान को महिमा को बताया गया आदरणीय भईया जी ने बताया की बहुत पुण्य प्रबल होता है तब जाकर सिद्ध क्षेत्र पर सिद्ध प्रभु की आरधना का शोभाग्य प्राप्त होता है. भक्ति भाव के साथ क्षत्राणी पर 27 मार्च तक यह विधान सम्पन होगा जिसके पुण्यर्जक श्री केपी जैन परिवार बसुंधरा नगर दमोह ने अपनी मा के शातायु पूर्ण होने के उपलक्षय मे विधान का आयोजन कराया जा रहा है।
श्री सिद्ध दात्री देवी मंदिर में पंचमी पर महाआरती
दमोह
। चैत्र नवरात्रि हिंदू धर्म का एक प्रमुख नौ दिवसीय पर्व है, जो शक्ति की
उपासना, हिंदू नववर्ष की शुरुआत और वसंत ऋतु के आगमन का प्रतीक है। यह
पर्व चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से शुरू होकर रामनवमी तक चलता है, जिसमें मां
दुर्गा के नौ रूपों की पूजा से सुख, समृद्धि, स्वास्थ्य और नकारात्मक ऊर्जा
से मुक्ति मिलती है।
चैत्र नवरात्रि के पावन पर्व
पर नगर के मंदिरों में अल सुबह ही माता रानी को जल चढ़ाने भक्तों का तांता
लग जाता हैं। नगर के देवी मंदिरों में इस अवसर में विभिन्न कार्यक्रम
आयोजित किए जा रहे है इसी क्रम में प्रोफेसर कॉलोनी स्थित श्री सिद्ध
दात्री देवी मंदिर में पंचमी तिथि पर महा आरती का आयोजन किया गया जिसमें
सभी कॉलोनी वासियों महिलाओं ने आटे के दिए सजाकर आरती की । मंदिर के पुजारी
पंडित महेश मिश्रा ने बताया कि प्रतिदिन नौ दिन मां के स्वरूप का अलग अलग
श्रृंगार किया जाता हैं। प्रतिदिन दुर्गा सप्तशती पाठ किया जाता है। महिला
मंडल द्वारा 4 बजे से रामायण पाठ किया जाता हैं। गुरुवार को शाम 6 बजे से
हवन पूजन शुक्रवार रामनवमी पर सुबह 9 बजे से 10 बजे तक कन्या पूजन दोपहर
12 बजे श्री राम जन्मोत्सव मनाया जाएगा शाम 5 बजे ज्वारे विसर्जन किए
जाएंगे। वहीं पंडित जी ने नवरात्र पर्व के बारे में बताया कि हिंदू धर्म
में चैत्र नवरात्र से हिंदू नववर्ष की शुरुआत होती
हैं।चैत्र शुक्ल प्रतिपदा को 'विक्रम संवत' का नया साल माना जाता है, इसी
दिन ब्रह्माजी ने सृष्टि की रचना शुरू की थी। नौ
दिनों की साधना: इन नौ दिनों में माता के नौ अलग-अलग रूपों—शैलपुत्री,
ब्रह्मचारिणी, चंद्रघंटा, कुष्मांडा, स्कंदमाता, कात्यायनी, कालरात्रि,
महागौरी और सिद्धिदात्री की पूजा की जाती है।राम
नवमी: नवरात्रि के अंतिम दिन (नौवें दिन) भगवान श्री राम का जन्म दिवस
रामनवमी के रूप में मनाया जाता है। जो भी भक्त इस नवरात्र में मां दुर्गा
देवी जी की विशेष पूजा अर्चना आराधना करते हैं उन पर मां अपना आशीर्वाद
हमेशा बनाए रखती हैं।
निषादराज जयंती पर माझी समाज ने दिखाई एकता.. दमोह। जिला रैकवार, केवट, बर्मन, धुरिया, कहार, कश्यप, निषाद बाथम, भोई मल्लाह,ढीमर माझी समाज ने प्रभु श्री राम के सखा माझी समाज के आराध्य देव निषादराज महाराज जी की जयंती पर विशाल शोभायात्रा निकाली गई जिसमें फुटेरा मुहल्ला, शोभा नगर, फिल्टर कालोनी, पलंदी चौराहा, मुकेश नायक कालोनी,चैनपुरा, बजरिया वार्ड 07, लोको से स्वजातीय बंधु डीजे की धुन पर गांजे बाजे के साथ नाचते झूमते हुए महाराणा प्रताप स्कूल मैदान पहुंचे जहां भगवान निषादराज महाराज के चित्र का पूजन स्वजातीय बंधुओं के द्वारा किया गया
जहां पर हजारों की संख्या के साथ निषादराज महाराज की जयंती पर विशाल
शोभायात्रा प्रारंभ हुई जो पुराना थाना, मोहन टॉकीज, बकौली सांई
मंदिर,घंटाघर,राय तिराहा,बस स्टैंड, जिला सहकारी बैंक, बाबा साहेब डॉ
भीमराव अम्बेडकर चौराहा, भाजपा कार्यालय कीर्ति स्तंभ से शिवाजी चौक से
वापस महाराणा प्रताप स्कूल मैदान में प्रसाद वितरण के साथ शोभायात्रा का
समापन किया गया। आकर्षण का केंद्र रही प्रभु श्रीराम, सीता मैया और
निषादराज की झांकी निषादराज शोभायात्रा के दौरान प्रभु श्रीराम, सीता मैया
ओढ़े निषादराज महाराज की झांकी आकर्षण का केंद्र रही। जहां पर शहर के
विभिन्न चौराहों पर शोभायात्रा में भगवान का पुष्प वर्षा कर आरती पूजन के
साथ स्वागत किया गया। निषादराज
जयंती पर रैकवार केवट बर्मन धुरिया समाज का परंपरागत ढिमरयाई नृत्य की
प्रस्तुति जगह जगह होती रही जिसने स्वजातीय बंधुओं और दमोह के आमजन को
मंत्रमुग्ध कर दिया। निषादराज
जयंती पर आयोजित कार्यक्रम में दमोह विधायक जयंत मलैया ने कहा है कि हमारा तो माझी समाज से कई वर्षों से पुराना रिश्ता है
मैंने देखा है कि माझी समाज बचन की पक्की है। और यह बात सत्य है कि मित्रता
निभाने में माझी समाज कभी पीछे नहीं हटती है। माझी समाज को मिलें आरक्षण
का लाभ तो हमारी समाज की तस्वीर और तकदीर बदलेगी- रामकृष्ण रायकवार
मध्यप्रदेश माझी आदिवासी महासंघ के प्रदेश महामंत्री निषाद राज जयंती में
आयोजित कार्यक्रम में शामिल होने दमोह पहुंचे जहां पर उन्होंने कहा कि दमोह
से मेरा गहरा रिश्ता है। उन्होंने कहा कि 1992 में मप्र की सुंदर लाल पटवा
की भाजपा सरकार ने माझी,केवट, रैकवार,भोई मल्लाह कहार निषाद बाथम माझी को
आरक्षण का लाभ दिया था। तब राज्य में भाजपा की सरकार थी और केंद्र में
कांग्रेस की सरकार थी लेकिन कुछ समय माझी आरक्षण का लाभ समाज को मिला लेकिन
फिर माझी आरक्षण पर रोक लग गई। उन्होंने देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
और मप्र के मुख्यमंत्री मोहन यादव से अपील करते हुए कहा है कि माझी समाज
को माझी आरक्षण का लाभ दिलाने के लिए क़दम उठाए और त्वरित ही माझी समाज को
आरक्षण दे जिससे कि हमारी समाज की तकदीर और तस्वीर बदलेगी। निषादराज रैकवार, केवट बर्मन धुरिया समाज के आराध्य नहीं बल्कि हिन्दू समाज के आराध्य देव है निषादराज माझी समाज सेवा समिति के प्रदेश उपाध्यक्ष व दमोह के
ग्रामीण जिला अध्यक्ष मोंटी रैकवार ने कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम राम के
सखा निषादराज महाराज रैकवार, केवट बर्मन धुरिया कहार निषाद बाथम माझी समाज
के नहीं बल्कि संपूर्ण हिन्दू समाज के है। हमारे लिए प्रभु श्रीराम के
आदर्शों पर चलना है। उन्होंने कहा कि रैकवार समाज जिससे भी दोस्ती करती है
तो दिल से दोस्ती और दिल से दुश्मनी करती है। उन्होंने ऐतिहासिक शोभायात्रा
पर दमोह की केवट, बर्मन, धुरिया कश्यप कहार निषाद बाथम भोई मल्लाह ढीमर
रैकवार माझी समाज की एकता पर ऐतिहासिक शोभायात्रा पर सभी का धन्यवाद देकर
कहा है कि हमारे लिए ऐसे ही संगठित होकर चलना है। कार्यक्रम का संचालन समाज के माथे राकेश धुरिया, ग्रामीण
जिला महामंत्री प्रहलाद रैकवार, ग्रामीण जिला मीडिया प्रभारी नरेश रैकवार
और आभार शहर जिला अध्यक्ष राकेश रैकवार के द्वारा व्यक्त किया गया। माझी
समाज के उभरते हुए मशहूर सिंगर ऋषभ नायक के द्वारा नवरात्रि पर महाकाली
भैया के नाम गीत गाया है जिसका विमोचन माझी समाज के द्वारा किया गया है।
साथ ही माझी समाज ने सिंगर ऋषभ नायक के उज्जवल भविष्य की कामना की है।
मप्र वेस्ट जोन अस्मिता लीग हाकी चैम्पियनशिप की विजेता बनी.. दमोह।हॉकी दमोह के विकास जैन ने बताया कि हाकी
इंडिया के तत्वावधान में राजनांदगांव छत्तीसगढ़ में आयोजित की गई
चैम्पियनशिप की विजेता बनी। 24 मार्च को खेले गए फाइनल मुकाबले में
छत्तीसगढ़ को 5-1 से पराजित किया। चैम्पियन बनने पर मध्य प्रदेश को एक लाख
अस्सी हज़ार रुपए का नगद पुरस्कार दिया गया। साथ ही ट्राफी प्रदान की गई
एवं सभी खिलाड़ियों मेंडल प्रदान किए गये।
लीग अन्य
मैचों में मध्य प्रदेश ने महाराष्ट्र, राजस्थान तथा छत्तीसगढ़ को पराजित
किया।हॉकी मध्य प्रदेश महासचिव लोकबहादुर की निष्पक्ष चयन प्रक्रिया कठोर
अनुशासन से हॉकी मध्य प्रदेश नये आयाम स्थापित कर रहा है टीम कोच एवम
मैनेजर की रणनीति खिलाडियो के समर्पण से मिली विजय पर हार्दिक बधाई हॉकी
मध्य प्रदेश उपाध्यक्ष विजय वर्मा कोषाध्यक्ष ललित नायक गोर मास्साब
जगेनदर तोमर हरिशंकर आभा रोहित भगवान सिंह हॉकी मध्य प्रदेश महिला साई
कोच सरोज राजपूत विजय ठाकुर कफील अल्ताफ तरूण आदि ने प्रेषित की है।


.jpeg)


0 Comments